DA Hike: केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए अच्छी खबर है। 2025 से लागू होने वाले महंगाई भत्ते (DA) पर सरकार जल्द ही अंतिम फैसला लेने वाली है। सरकार ने डीए बढ़ाने का फैसला लगभग फाइनल कर लिया है और अब बस आधिकारिक घोषणा का इंतजार है। इस फैसले से न केवल केंद्रीय कर्मचारियों की बेसिक सैलरी में इजाफा होगा, बल्कि पेंशनरों को भी बड़ा फायदा मिलेगा। सरकारी सूत्रों के अनुसार, मार्च के अंतिम सप्ताह में होने वाली केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में इस विषय पर अंतिम मुहर लग सकती है। इस फैसले से देश भर के एक करोड़ से अधिक सरकारी कर्मचारियों और पेंशनरों को सीधा लाभ मिलेगा।
वेतन आयोग की सिफारिशों के अनुसार होता है महंगाई भत्ते का निर्धारण
7वें वेतन आयोग की सिफारिशों के अनुसार, हर साल दो बार महंगाई भत्ते (DA) और महंगाई राहत (DR) को संशोधित किया जाता है। ये संशोधन जनवरी और जुलाई से प्रभावी होते हैं। इस बार जनवरी 2025 के महंगाई भत्ते को लेकर पुष्ट जानकारी मिल रही है। सरकार मार्च के अंतिम सप्ताह में इसकी आधिकारिक घोषणा करने की योजना बना रही है। इस घोषणा के बाद, अप्रैल महीने की सैलरी में कर्मचारियों को बकाया राशि (एरियर) सहित बढ़े हुए महंगाई भत्ते का भुगतान किया जाएगा। इससे कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए वित्तीय राहत मिलेगी और उनकी क्रय शक्ति में वृद्धि होगी।
पिछले साल की तुलना में कितना होगा इजाफा
2024 में सरकार ने महंगाई भत्ते में कुल 7% की बढ़ोतरी की थी, जिससे कुल डीए 53% तक पहुंच गया था। इस बार जनवरी 2025 में 2% से लेकर 4% तक की बढ़ोतरी की संभावना है। हालांकि, सरकार ने अभी तक कोई आधिकारिक आंकड़ा जारी नहीं किया है। विशेषज्ञों का अनुमान है कि महंगाई के वर्तमान स्तर और अर्थव्यवस्था की स्थिति को देखते हुए 3% की बढ़ोतरी सबसे अधिक संभावित है। इस बढ़ोतरी के बाद कुल महंगाई भत्ता 55% से 57% के बीच हो सकता है, जो कर्मचारियों की आय में उल्लेखनीय वृद्धि लाएगा।
वेतन और पेंशन पर कितना पड़ेगा प्रभाव
डीए में होने वाली बढ़ोतरी का सीधा असर कर्मचारियों के वेतन और पेंशनरों की पेंशन पर पड़ेगा। अगर 2% की बढ़ोतरी होती है, तो न्यूनतम वेतन (₹18,000) वाले कर्मचारी की सैलरी में ₹360 की वृद्धि होगी और यह बढ़कर ₹18,360 हो जाएगी। वहीं न्यूनतम पेंशन (₹9,000) में ₹450 की वृद्धि होगी, जिससे यह ₹13,950 हो जाएगी। अगर डीए में 3% की बढ़ोतरी होती है, तो न्यूनतम वेतन ₹18,540 और न्यूनतम पेंशन ₹14,040 हो जाएगी। 4% की बढ़ोतरी होने पर न्यूनतम वेतन ₹18,720 और न्यूनतम पेंशन ₹14,130 तक पहुंच जाएगी। इस प्रकार, वेतन और पेंशन में होने वाली वृद्धि कर्मचारियों और पेंशनरों को महंगाई से निपटने में मदद करेगी।
पेंशनरों के लिए विशेष राहत
केंद्रीय सरकार के पेंशनरों के लिए भी यह खबर बेहद राहतभरी है। जिस अनुपात में कर्मचारियों के महंगाई भत्ते (DA) में वृद्धि होगी, उसी अनुपात में पेंशनरों को भी महंगाई राहत (Dearness Relief) में बढ़ोतरी मिलेगी। इसका सीधा असर न्यूनतम पेंशन पर पड़ेगा। अगर 2% की बढ़ोतरी होती है, तो न्यूनतम पेंशन ₹13,950 हो जाएगी। 3% की बढ़ोतरी पर यह ₹14,040 और 4% की बढ़ोतरी पर ₹14,130 तक पहुंच जाएगी। यह वृद्धि विशेष रूप से उन वरिष्ठ नागरिकों के लिए महत्वपूर्ण है जो अपनी दैनिक जरूरतों और स्वास्थ्य देखभाल के लिए पेंशन पर निर्भर हैं।
कब मिलेगा बढ़ा हुआ महंगाई भत्ता
सरकारी सूत्रों के अनुसार, मार्च के अंत में होने वाली केंद्रीय कैबिनेट की बैठक में इस प्रस्ताव पर अंतिम मुहर लगाई जा सकती है। अगर कैबिनेट बैठक में इस पर सहमति बन जाती है, तो जनवरी 2025 से लागू होने वाले महंगाई भत्ते का भुगतान बकाया राशि (एरियर) सहित अप्रैल महीने में कर दिया जाएगा। इससे कर्मचारियों को तीन महीने (जनवरी, फरवरी और मार्च) के बकाया भत्ते का भी लाभ मिलेगा। इस प्रकार, अप्रैल महीने में कर्मचारियों और पेंशनरों को एक साथ बड़ी राशि प्राप्त होगी, जिससे उन्हें आर्थिक सहायता मिलेगी।
एक करोड़ से अधिक लोगों को मिलेगा लाभ
इस महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी से देश भर के एक करोड़ से अधिक केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों को सीधा लाभ मिलेगा। इनमें विभिन्न केंद्रीय सरकारी विभागों, स्वायत्त संस्थाओं, रक्षा कर्मी और अन्य केंद्रीय संस्थानों के कर्मचारी शामिल हैं। यह बढ़ोतरी न केवल इन कर्मचारियों की व्यक्तिगत अर्थव्यवस्था को मजबूत करेगी, बल्कि समग्र रूप से देश की अर्थव्यवस्था को भी गति प्रदान करेगी। बढ़ी हुई आय से खर्च करने की क्षमता बढ़ेगी, जिससे बाजार में मांग बढ़ेगी और अर्थव्यवस्था को प्रोत्साहन मिलेगा।
कैबिनेट बैठक में होगा अंतिम निर्णय
हालांकि इस विषय पर पहले भी कई कैबिनेट बैठकें हो चुकी हैं, लेकिन अब माना जा रहा है कि अगली बैठक में महंगाई भत्ते की बढ़ोतरी पर अंतिम निर्णय लिया जाएगा। यह निर्णय एक करोड़ से अधिक केंद्रीय कर्मचारियों और पेंशनरों के लिए बड़ी राहत लेकर आएगा। इस निर्णय से न केवल सरकारी कर्मचारियों की आर्थिक स्थिति में सुधार होगा, बल्कि उनके मनोबल में भी वृद्धि होगी। यह कदम सरकार की ओर से अपने कर्मचारियों के प्रति प्रतिबद्धता का प्रतीक है और उनके कल्याण के प्रति सरकार की चिंता को दर्शाता है।
महंगाई भत्ते में बढ़ोतरी का निर्णय अब अंतिम चरण में है, और जल्द ही करोड़ों कर्मचारियों और पेंशनरों के खातों में इसका लाभ पहुंचेगा। इससे उनकी सैलरी और पेंशन में सीधा असर पड़ेगा और उन्हें महंगाई से राहत मिलेगी। अगर सरकार 4% तक की बढ़ोतरी करती है, तो यह इस वर्ष की सबसे बड़ी आर्थिक राहत साबित हो सकती है। कर्मचारियों और पेंशनरों को अब अप्रैल महीने तक इंतजार करना होगा, जब उन्हें अपने बैंक खातों में बढ़ी हुई राशि प्राप्त होगी। इस बीच, सरकार से आधिकारिक घोषणा का इंतजार है, जिससे बढ़ोतरी की सटीक प्रतिशत का पता चलेगा।